मध्य प्रदेश के बुधनी से खेती के भविष्य की एक नई तस्वीर उभरती दिखाई दे रही है। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने किसान मेला और राष्ट्रीय कृषि मशीनरी प्रदर्शनी के दौरान बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि बुधनी को देश में कृषि मशीनीकरण और आधुनिक तकनीक का आदर्श मॉडल बनाया जाएगा। उन्होंने किसानों से अपील की कि वे पारंपरिक खेती के साथ-साथ आधुनिक तकनीकों को अपनाएं, जिससे उनकी आय बढ़े और खेती आसान बने।
मंत्री ने स्पष्ट किया कि आज के दौर में केवल पारंपरिक तरीकों से खेती करना पर्याप्त नहीं है। किसानों को इलेक्ट्रिक ट्रैक्टर, ड्रोन, रोबोटिक्स और डिजिटल प्लेटफॉर्म जैसी आधुनिक तकनीकों को अपनाना होगा। इन तकनीकों के जरिए खेती न केवल अधिक उत्पादक बनेगी, बल्कि पर्यावरण के लिहाज से भी टिकाऊ (सस्टेनेबल) होगी। उन्होंने कहा कि नई तकनीक से लागत घटेगी और मुनाफा बढ़ेगा, जिससे किसानों की आर्थिक स्थिति मजबूत होगी।
बुधनी स्थित CFMTTI (केंद्रीय कृषि मशीनरी प्रशिक्षण एवं परीक्षण संस्थान) को लेकर भी बड़ी योजना सामने आई है। अब यह संस्थान सिर्फ ट्रैक्टर प्रशिक्षण तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इसे राष्ट्रीय स्तर का ट्रेनिंग और डेमोंस्ट्रेशन सेंटर बनाया जाएगा। यहां देशभर के किसानों को आधुनिक मशीनों का प्रशिक्षण दिया जाएगा और खेतों में लाइव डेमो के जरिए नई तकनीकों का प्रदर्शन किया जाएगा।
इसके अलावा, बुधनी में रोबोटिक्स सेंटर, एग्रीकल्चर इंजीनियरिंग कॉलेज और बीज प्रोसेसिंग सेंटर स्थापित करने की घोषणा भी की गई। इन परियोजनाओं के जरिए किसानों को बेहतर गुणवत्ता के बीज और अत्याधुनिक तकनीक एक ही स्थान पर उपलब्ध होगी। इससे खेती की गुणवत्ता और उत्पादन दोनों में सुधार होगा।
मंत्री ने ‘उदय एक्सपो’ को लेकर भी अहम घोषणा की। अब यह एक्सपो हर साल बुधनी में आयोजित किया जाएगा, जिसमें देशभर के किसान, कृषि विशेषज्ञ और स्टार्टअप्स भाग लेंगे। इस मंच के जरिए किसानों को नई तकनीक, स्मार्ट खेती और सरकारी योजनाओं की जानकारी एक ही जगह पर मिलेगी, जिससे वे तेजी से बदलती कृषि व्यवस्था के साथ कदम मिला सकेंगे।
छोटे और सीमांत किसानों को ध्यान में रखते हुए सरकार कस्टम हायरिंग सेंटर स्थापित करने पर भी जोर दे रही है। मंत्री ने कहा कि सभी किसान महंगी मशीनें नहीं खरीद सकते, इसलिए इन केंद्रों के माध्यम से वे किराए पर मशीनें लेकर खेती कर सकेंगे। सरकार उन पंचायतों को भी सहयोग देगी, जो इस दिशा में पहल करेंगी।
महिलाओं की भागीदारी को लेकर भी सरकार सक्रिय है। ‘लखपति दीदी’ और ‘ड्रोन दीदी’ जैसी योजनाओं के माध्यम से महिलाओं को कृषि क्षेत्र में सशक्त किया जा रहा है। मंत्री ने भरोसा दिलाया कि किसानों के सम्मान और उनके हितों की रक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी।
कुल मिलाकर, बुधनी अब पारंपरिक खेती से आगे बढ़कर तकनीक आधारित स्मार्ट कृषि की दिशा में एक बड़ा केंद्र बनने जा रहा है, जो देश के किसानों के लिए प्रेरणा बनेगा।

