फसल क्रांति के साथ विशेष बातचीत में आर.के. शेट्टी ने हेरेंबा इंडस्ट्रीज की विकास यात्रा, कृषि रसायन क्षेत्र में कंपनी की भूमिका, अनुसंधान एवं विकास, वैश्विक चुनौतियों और किसानों के लिए गुणवत्तापूर्ण उत्पादों की उपलब्धता पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने बताया कि कंपनी पिछले 25 वर्षों से फसल विज्ञान और फसल सुरक्षा क्षेत्र में सक्रिय है तथा किसानों को फफूंदनाशी, खरपतवारनाशी और कीटनाशक सहित संपूर्ण फसल सुरक्षा समाधान उपलब्ध करा रही है।
प्रश्न : जब हम फसल विज्ञान की बात करते हैं तो कई कंपनियों का नाम आता है। ऐसे में हेरेंबा इंडस्ट्रीज कृषि क्षेत्र में किसानों के लिए किस प्रकार काम कर रही है?
जैसा कि आपको मालूम है, हेरेंबा इंडस्ट्रीज फसल विज्ञान और फसल सुरक्षा क्षेत्र में काम करती है। हमारी कंपनी देश की अग्रणी कंपनियों में शामिल है और हम पिछले 25 वर्षों से किसानों की सेवा कर रहे हैं। हम किसानों को फफूंदनाशी, खरपतवारनाशी और कीटनाशक सहित संपूर्ण फसल सुरक्षा समाधान उपलब्ध कराते हैं।
हमारी कंपनी लगभग तीन वर्ष पहले बीएसई और एनएसई में सूचीबद्ध हुई है। हम तकनीकी विनिर्माण (टेक्निकल मैन्युफैक्चरिंग) के क्षेत्र में कार्यरत हैं और हमारे कुल पाँच प्लांट हैं। इनमें वापी में दो प्लांट, सरिगम में एक प्लांट तथा अन्य इकाइयाँ शामिल हैं। हमने खरपतवारनाशी के लिए एक ग्रीनफील्ड प्लांट भी शुरू किया है। हमारी विभिन्न इकाइयों में हर्बीसाइड, इंसैक्टिसाइड और फंगीसाइड के लिए अलग-अलग प्लांट स्थापित हैं। इसके अतिरिक्त हमारे पास अंतरराष्ट्रीय और घरेलू पैकेजिंग तथा फॉर्म्युलेशन यूनिट भी उपलब्ध हैं।
प्रश्न : कंपनी की वर्तमान व्यावसायिक स्थिति और भविष्य के लक्ष्य क्या हैं?
पिछले वर्ष हमारा टर्नओवर लगभग 1,500 करोड़ रुपये के आसपास था। इस वर्ष हमारा लक्ष्य 2,500 करोड़ रुपये का टर्नओवर हासिल करना है, क्योंकि हमारे साथ दो नई इकाइयाँ भी जुड़ चुकी हैं।
हमारा लगभग 700 करोड़ रुपये का निर्यात लक्ष्य है और ब्रांड फॉर्म्युलेशन के क्षेत्र में हमारा लक्ष्य 600 करोड़ रुपये का है। हमारा टैगलाइन “अबकी बार 600 पार” है और हम इसे हासिल करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। इसके अतिरिक्त हमारा व्यवसाय बी2बी क्षेत्र में भी मजबूत है।
हमने दुबई में एक कंपनी स्थापित की है और उसी के माध्यम से नाइजीरिया में अपना स्वयं का ब्रांड शुरू किया है। पहले ही वर्ष नाइजीरिया कार्यालय से हमारा लक्ष्य 100 करोड़ रुपये का कारोबार पार करना है। इस प्रकार इस वर्ष हमारा कुल लक्ष्य 2,500 करोड़ रुपये के आंकड़े को पार करना है।
प्रश्न : वैश्विक स्तर पर मौजूदा परिस्थितियों को देखते हुए कृषि रसायन उद्योग के सामने कौन-कौन सी चुनौतियाँ हैं?
यदि हम वर्तमान स्थिति की बात करें, तो भू-राजनीतिक परिस्थितियों के कारण कीमतों और कच्चे माल की उपलब्धता में काफी समस्याएँ आई हैं। हालांकि, युद्ध जैसी परिस्थितियों में कमी आने से अब स्थिति में कुछ सुधार दिखाई दे रहा है।
सबसे बड़ी चुनौती कच्चे माल के आयात से संबंधित रही है। हालांकि हमारा कुल आयात बहुत अधिक नहीं है, लगभग 10 प्रतिशत कच्चा माल ही आयातित है। इनमें से अधिकांश उत्पाद भारत में भी उपलब्ध हैं, लेकिन उनकी कीमतों में उतार-चढ़ाव देखने को मिलता है। यदि कच्चे माल की कीमत बढ़ती है, तो उसका प्रभाव बिक्री मूल्य पर भी पड़ता है।
दूसरी महत्वपूर्ण चुनौती मानसून का विलंब से आना है। हमें उम्मीद है कि मानसून की स्थिति में सुधार होगा, जिससे उद्योग और किसानों दोनों को लाभ मिलेगा।
प्रश्न : बी2बी कारोबार के अलावा कंपनी किसानों तक सीधे अपनी सेवाएँ कैसे पहुँचाती है?
ब्रांड व्यवसाय के अंतर्गत हमारे पास दो कंपनियाँ हैं। पहली हेरेंबा इंडस्ट्रीज लिमिटेड है, जिसके लिए हमारा लक्ष्य 600 करोड़ रुपये का है। इसके अंतर्गत तीन प्रमुख डिवीजन कार्य करते हैं—डेवलपमेंट टीम, मार्केटिंग टीम और अलग से कार्यरत सेल्स टीम। हमारी एक बड़ी टीम देश के लगभग सभी राज्यों में कार्य कर रही है।
इसके अलावा हमने किसानों के लिए दो वर्ष पहले मिकुसू इंडिया नामक नई कंपनी शुरू की है। इस कंपनी ने सभी राज्यों को कवर किया है और इस वर्ष इसका लक्ष्य 300 करोड़ रुपये का है। यह कंपनी अपने तीसरे वर्ष में है और हमें विश्वास है कि हम इस वर्ष यह लक्ष्य प्राप्त कर लेंगे।
प्रश्न : कंपनी का अनुसंधान एवं विकास (आरएंडडी) केंद्र उत्पाद विकास में किस प्रकार योगदान देता है?
यदि हम अनुसंधान और विकास की बात करें, तो हमारी सभी इकाइयों में विशेषज्ञ अनुसंधान टीम कार्य कर रही है। हमारे पास दो प्रमुख आरएंडडी सेक्शन हैं और हमारी रिसर्च एवं डेवलपमेंट टीम अत्यंत प्रभावी ढंग से कार्य कर रही है।
हमने अनुसंधान के आधार पर अनेक उत्पाद बाजार में उतारे हैं। हमारी टीम किसानों के लिए उपयोगी और गुणवत्तापूर्ण उत्पाद विकसित करने पर लगातार काम कर रही है। हम देशभर में बी2बी उत्पाद उपलब्ध करा रहे हैं और किसानों के लिए कई नए उत्पाद भी बाजार में लेकर आए हैं।
प्रश्न : किसानों के लिए आपका संदेश क्या है?
भारतीय कृषि रसायन क्षेत्र में गुणवत्ता की समस्या एक बड़ी चुनौती है। बाजार में अनेक नकली उत्पाद उपलब्ध हैं, जिनसे किसानों को बचना चाहिए। यदि किसान किसी विश्वसनीय और प्रतिष्ठित कंपनी से उत्पाद खरीदते हैं, तो वे नकली उत्पादों से बच सकते हैं।
हेरेंबा इंडस्ट्रीज किसानों की एक विश्वसनीय कंपनी है, जो उन्हें उच्च गुणवत्ता वाले उत्पाद उपलब्ध कराती है। इसके अतिरिक्त हम न्यूट्रिएंट क्षेत्र में भी कार्य कर रहे हैं और लगभग 15 नए उत्पादों पर काम कर रहे हैं। हमारे उत्पादों की गुणवत्ता के कारण हमें बाजार से अच्छा प्रतिसाद मिल रहा है। केवल भारत में ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी हमारे उत्पादों को सराहना मिल रही है।
मेरा किसानों से अनुरोध है कि वे हमेशा उच्च गुणवत्ता वाले और विश्वसनीय उत्पादों का ही उपयोग करें, ताकि उन्हें बेहतर उत्पादन और सुरक्षित फसल प्राप्त हो सके।
यह बातचीत स्पष्ट करती है कि हेरेंबा इंडस्ट्रीज किसानों को गुणवत्तापूर्ण फसल सुरक्षा समाधान उपलब्ध कराने, अनुसंधान आधारित उत्पाद विकसित करने और राष्ट्रीय तथा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कृषि रसायन क्षेत्र में अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराने के लिए निरंतर प्रयासरत है।
