सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय में रविवार को कुलपति डॉ. त्रिवेणी दत्त की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में विश्वविद्यालय द्वारा राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग में भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए चल रहे कार्यों की समीक्षा की गई। इस दौरान विश्वविद्यालय के प्रशासनिक, वित्तीय और शैक्षणिक रिकॉर्ड को बेहतर बनाने तथा विभिन्न रैंकिंग एजेंसियों के मानकों के अनुरूप तैयार करने पर विशेष चर्चा हुई।
बैठक को संबोधित करते हुए कुलपति डॉ. त्रिवेणी दत्त ने कहा कि किसी भी विश्वविद्यालय की राष्ट्रीय और वैश्विक स्तर पर पहचान बढ़ाने के लिए उसकी रैंकिंग अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय को अपनी ग्रेडिंग और प्रदर्शन को बेहतर बनाने के लिए प्रशासनिक, वित्तीय तथा शैक्षणिक व्यवस्थाओं को व्यवस्थित और पारदर्शी बनाना होगा। इससे विश्वविद्यालय की शैक्षणिक गुणवत्ता और शोध गतिविधियों को भी नई दिशा मिलेगी।
डॉ. त्रिवेणी दत्त ने कहा कि वर्तमान समय में शिक्षा के क्षेत्र में तेजी से बदलाव हो रहा है। ऐसे में विश्वविद्यालयों को ऑनलाइन शिक्षा और डिजिटल तकनीकों को अपनाने की आवश्यकता है, ताकि अधिक से अधिक लोगों तक शिक्षा और वैज्ञानिक जानकारी पहुंचाई जा सके। उन्होंने कहा कि ऑनलाइन और डिस्टेंस एजुकेशन के माध्यम से दूरदराज के क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को भी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराई जा सकती है। इसलिए विश्वविद्यालय को इन दोनों माध्यमों को और अधिक मजबूत बनाने पर ध्यान देना चाहिए।
उन्होंने आगे कहा कि आज का दौर आधुनिक तकनीकों का है और विश्वविद्यालय को भी इन नई तकनीकों के साथ कदम से कदम मिलाकर चलना होगा। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), बिग डेटा एनालिसिस, डीएनए फिंगरप्रिंटिंग और मशीन लर्निंग जैसे उभरते क्षेत्रों में छात्रों को उच्च शिक्षा और शोध के अवसर प्रदान किए जाने चाहिए। इससे छात्रों को नई तकनीकों का ज्ञान मिलेगा और वे भविष्य की चुनौतियों के लिए बेहतर तरीके से तैयार हो सकेंगे।
कुलपति ने यह भी कहा कि विकसित भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने में कृषि विश्वविद्यालयों की महत्वपूर्ण भूमिका है। इसके लिए वैज्ञानिकों, शिक्षकों और विद्यार्थियों को मिलकर काम करना होगा। उन्होंने विश्वविद्यालय के सभी विभागों से अपेक्षा की कि वे शोध, शिक्षा और नवाचार के क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन करें, जिससे विश्वविद्यालय की प्रतिष्ठा राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर और अधिक बढ़ सके।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि विश्वविद्यालय आगामी समय में नेशनल इंस्टीट्यूशनल रैंकिंग फ्रेमवर्क (NIRF), टाइम्स वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग तथा आईसीएआर रैंकिंग में भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए ठोस कदम उठाएगा। कुलपति ने बताया कि अभी तक विश्वविद्यालय को NIRF और टाइम्स वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग में स्थान प्राप्त नहीं हो सका है, लेकिन इस दिशा में अब गंभीरता से प्रयास शुरू कर दिए गए हैं। इसके लिए एक विशेष समिति का गठन किया गया है, जो विभिन्न मानकों के अनुसार विश्वविद्यालय की तैयारियों को मजबूत करेगी।
उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले समय में सरदार वल्लभभाई पटेल कृषि एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय रैंकिंग में अपना महत्वपूर्ण स्थान बनाने में सफल होगा।
इस बैठक में कुलसचिव डॉ. रामजी सिंह, वित्त नियंत्रक पंकज चतुर्वेदी, डॉ. लोकेश गंगवार, डॉ. रविंद्र कुमार, डॉ. विवेक, डॉ. कमल खिलाड़ी, डॉ. आर.एस. सेंगर, डॉ. पी.के. सिंह, डॉ. यू.पी. शाही, डॉ. जयवीर, डॉ. सत्य प्रकाश, डॉ. पंकज कुमार, डॉ. विजय सिंह और डॉ. दीपक सिसोदिया सहित विश्वविद्यालय के अनेक शिक्षक एवं अधिकारी उपस्थित रहे।

