֍:जांच रिपोर्ट में बताया कारण§ֆ:काफिले के बीच में मवेशी के आने के बाद मामले में जांच के आदेश दिए गए थे. इसकी रिपोर्ट आ गई है जिसमें कहा गया है कि गोपालक अपने गोवंश को घास चराकर लौट रहे थे, इसी बीच एक गाय उत्तेजित होकर अचानक फ्लीट के सामने आ गई. जिसे तत्काल नगर पालिका के कैटल कैचर से पकड़वाकर रास्ते से हटवाया गया. बाद में उसे गोशाला भिजवाया गया. ये रिपोर्ट एडिशनल डायरेक्टर पशुपालन को चित्रकूट के मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी और नगर पालिका परिषद के एग्जीक्यूटिव ऑफिसर ने भेजी है. §֍:सपा प्रमुख ने कसा तंज§ֆ:इस मामले को लेकर समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने सरकार पर तंज कसा है. उन्होंने एक्स पर इस घटना को लेकर लिखा, ‘कुछ लोगों को तब ही किसी समस्या की गंभीरता समझ आती है, जब वही समस्या उनके सामने उनके अपने जीवन के लिए ख़तरा बनकर आती है. आशा है अब ‘छुट्टा पशुओं’ के जानलेवा मुद्दे को छुट्टा पशुओं की तरह अनाथ नहीं छोड़ा जाएगा और यूपी के माननीय मुख्यमंत्री जी अब तो इस विषय पर घोर निंद्रा से जागेंगे और जो आईएएस अधिकारी इस समस्या से निपटने के लिए उत्तरदायी बनाए गये थे, उनसे न केवल उनके कामों का बल्कि इस काम के लिए आवंटित अरबों के बजट का भी हिसाब लेंगे.’ इससे पहले भी अखिलेश यादव कई बार पशुओं के हमलों को लेकर सवाल खड़े कर चुके हैं. लेकिन इस बार सीएम के काफिले में गाय के आने के बाद उन्होंने सरकार पर निशाना साधा है.§ֆ:
§उत्तर प्रदेश के चित्रकूट में राज्य के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ दौरे पर थे. इस दौरान उनकी सुरक्षा में हुई चूक से राजनीती में सवाल खड़े हो रहे हैं. दरअसल, जब उनका काफिला गुजर रहा था उसी दौरान उनकी फ्लीट के बीच में गाय आ गईं. इससे सड़क पर ही काफिले को रुकना पड़ा था. इस मामले में जांच रिपोर्ट भी आ गई है और अखिलेश यादव ने भी इस पर तंज कसा है.कुछ लोगों को तब ही किसी समस्या की गंभीरता समझ आती है, जब वही समस्या उनके सामने उनके अपने जीवन के लिए ख़तरा बनकर आती है।
— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) November 29, 2024
आशा है अब ‘छुट्टा पशुओं’ के जानलेवा मुद्दे को छुट्टा पशुओं की तरह अनाथ नहीं छोड़ा जाएगा और उप्र के माननीय मुख्यमंत्री जी अब तो इस विषय पर घोर निद्रा से जागेंगे… pic.twitter.com/OPf1hrAIVZ

