राजस्थान के बीकानेर जिले में प्याज उत्पादक किसानों के लिए एक राहत भरी खबर सामने आई है। राज्य सरकार द्वारा चलाई जा रही भंडारण अनुदान योजना के तहत किसानों को अब प्याज भंडारण संरचना बनाने पर ₹87,500 तक की सब्सिडी दी जा रही है। इस पहल का उद्देश्य किसानों को फसल को सुरक्षित रखने और बेहतर कीमत मिलने तक इंतजार करने में मदद करना है।
योजना का मुख्य लाभ
उद्यान विभाग के अनुसार, यह योजना राष्ट्रीय बागवानी मिशन के अंतर्गत संचालित की जा रही है। इसके तहत 25 मैट्रिक टन क्षमता वाली प्याज भंडारण संरचना बनाने पर कुल लागत का 50 प्रतिशत तक अनुदान दिया जा रहा है।
आसान और किफायती निर्माण
इस भंडारण संरचना की खासियत यह है कि किसान इसे स्थानीय संसाधनों से कम लागत में तैयार कर सकते हैं। साथ ही इसमें 4 से 8 फीट चौड़ा रास्ता रखने का प्रावधान किया गया है, जिससे ट्रैक्टर-ट्रॉली की आवाजाही और लोडिंग-अनलोडिंग आसान हो जाती है।
जिले में तेजी से बढ़ रहा दायरा
अब तक बीकानेर जिले के कई इलाकों—जैसे नोखा, पांचू और श्रीडूंगरगढ़—में 45 से अधिक भंडारण संरचनाएं बनकर तैयार हो चुकी हैं। इनका सीधा फायदा किसानों को मिल रहा है।
किसानों की आय में बढ़ोतरी
पहले जहां किसान फसल तैयार होते ही मजबूरी में कम दाम पर प्याज बेच देते थे, वहीं अब भंडारण सुविधा मिलने से वे बाजार में अच्छे भाव का इंतजार कर पा रहे हैं। इससे उनकी आय में उल्लेखनीय वृद्धि देखी जा रही है।
जमीनी स्तर पर असर
हाल ही में उद्यान विभाग की टीम ने मालासर क्षेत्र में तैयार एक भंडारण संरचना का निरीक्षण किया। इस दौरान अधिकारियों ने किसानों को तकनीकी मार्गदर्शन भी दिया और निर्माण की गुणवत्ता की सराहना की।
कैसे उठाएं योजना का लाभ
- अपने नजदीकी उद्यान विभाग कार्यालय में संपर्क करें
- योजना के लिए आवेदन करें
- आवश्यक दस्तावेज जमा करें
- स्वीकृति के बाद भंडारण संरचना का निर्माण करें
- निरीक्षण के बाद सब्सिडी प्राप्त करें
यह योजना बीकानेर के प्याज किसानों के लिए आर्थिक मजबूती का नया रास्ता खोल रही है। कम लागत में भंडारण सुविधा मिलने से किसान अब अपनी उपज का बेहतर मूल्य हासिल कर पा रहे हैं और कृषि को अधिक लाभकारी बना रहे हैं।

