֍:शुक्रवार को रवाना हुए थे 101 किसान§ֆ:मरजीवड़ा जत्था शुक्रवार दोपहर 101 किसानों के साथ दिल्ली के लिए करीब 1 बजे रवाना हुआ. इस दौरान किसानों ने पुलिस के तीन स्तर के सुरक्षा अवरोध को तोड़कर घग्गर नदी में फेंक दिया. किसान चौथा अवरोध तोड़ने की कोशिश कर रहे थे, तभी पुलिस ने आंसू गैस के गोले दागना शुरु कर दिया. इस दौरान किसान नेता सरवन सिंह पंधेर जत्थे के पास पहुंचे और किसानों को वापस ले गए. जिसके बाद दिल्ली कूच स्थगित हो गया. पंधेर ने कहा, केंद्र सरकार ने वार्ता शुरू नहीं की तो रविवार को किसान फिर दिल्ली कूच करेंगे.§֍:किसान नेता ने कही ये बात§ֆ:किसान नेता सरवन सिंह पंधेर ने कहा कि हमारे विरोध प्रदर्शन ‘दिल्ली आंदोलन 2’ ने अपने 299 दिन पूरे कर लिए हैं. कल इसके 300 दिन पूरे हो जाएंगे. खनौरी बॉर्डर पर हमारी अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल 12वें दिन में प्रवेश कर गई है. केंद्र सरकार किसानों से बात करने के मूड में नहीं है. चाहे एनडीए सरकार हो या भारत सरकार किसान किसी से भी खुश नहीं हैं. पंजाब सरकार से भी लोग खुश नहीं.§न्यूनतम समर्थन मूल्य की कानूनी गारंटी के साथ अन्य मांगों को लेकर किसान दिल्ली तक पैदल मार्च के लिए शंभू बॉर्डर पर हैं. किसानों को पंजाब-हरियाणा के बीच शंभू सीमा पर हरियाणा पुलिस व अर्द्धसैनिक बलों ने आगे बढ़ने से रोक दिया. पुलिस व किसानों के बीच करीब ढाई घंटे चले टकराव में पुलिस ने मिर्ची स्प्रे व आंसू गैस के गोले दागे, जिसमें 15 किसान घायल हो गए. 26 साल के किसान हरप्रीत सिंह की हालत नाजुक है. छह पुलिसकर्मी भी घायल हैं. हरियाणा सरकार ने अंबाला के 11 गांवों में इंटरनेट सेवाओं पर नौ दिसंबर तक रोक लगा दी है.

